उमर खालिद और शरजील इमाम की जमानत याचिकाओं पर सुनवाई 30 सितंबर तक टली
दिल्ली हाई कोर्ट ने सोमवार, 21 सितंबर 2026 को उमर खालिद और शरजील इमाम की जमानत याचिकाओं पर सुनवाई 30 सितंबर तक टाल दी। मामला फरवरी 2020 में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुई हिंसा के कथित बड़े षड्यंत्र से जुड़ा है।
न्यायमूर्ति प्रतिभा एम सिंह और न्यायमूर्ति दिनेश भट्ट की डिवीजन बेंच ने अभियोजन पक्ष की ओर से समय मांगे जाने के बाद अगली सुनवाई के लिए 30 सितंबर की तारीख तय की। विशेष लोक अभियोजक मधुकर पांडे ने अदालत को बताया कि राज्य की ओर से पेश होने वाले अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल एस वी राजू स्वास्थ्य कारणों से उपलब्ध नहीं हैं।
30 सितंबर को होगी अगली सुनवाई
अदालत ने मामले की सुनवाई 30 सितंबर तक स्थगित कर दी। उमर खालिद और शरजील इमाम ने गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम यानी UAPA के तहत दर्ज मामले में उनकी जमानत याचिकाएं खारिज किए जाने को हाई कोर्ट में चुनौती दी है।
सुनवाई से जुड़ी रिपोर्टों के अनुसार, खालिद ने अपनी तीसरी जमानत याचिका खारिज किए जाने को चुनौती दी है, जबकि इमाम ने भी जमानत से इनकार के खिलाफ अपील की है। दिल्ली पुलिस ने दोनों की जमानत याचिकाओं का विरोध किया है।
मामले की पृष्ठभूमि
यह मामला फरवरी 2020 में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुई हिंसा के कथित बड़े षड्यंत्र से संबंधित है। आरोप न्यायिक प्रक्रिया के अधीन हैं और मामले का अंतिम निर्धारण अदालत में उपलब्ध साक्ष्यों और दलीलों के आधार पर होगा।
इस मामले में उमर खालिद को सितंबर 2020 और शरजील इमाम को अगस्त 2020 में गिरफ्तार किया गया था। इससे पहले भी दोनों की जमानत से संबंधित कई अर्जियां और अदालती आदेश सामने आ चुके हैं।
दिल्ली हाई कोर्ट में अगली सुनवाई 30 सितंबर 2026 को होगी।




टिप्पणियां